Posted in रामायण - Ramayan

यह राममंदिर का ओरिजनल नक्शा है, सुप्रीम कोर्ट ने इसे ही मान्य किया था ।
अंतिम बार इस मंदिर का जीर्णोद्धार आमेर के महाराजा
सवाई जयसिंह जी ने करवाया था ।।

उससे पहले यह जबरन मस्जिद में तब्दील किया जा चुका था । बाद में औरंगजेब एवं अन्य आंदोलनों दंगो के दौरान इसपर पूर्णतः कब्जा भी हो गया, जिसे अब मोदी सरकार बनवा रही है ..

ऐतिहासिक तथ्यों के अनुसार इससे पहले राममंदिर का उद्धार भी आमेर के ही महाराजा मानसिंहजी ने करवाया था ।

लेकिन उस समय यहां जहां रामलला जन्म हुए थे, वहां मंदिर था, अन्य जगह मस्जिद, औरंगजेब ने पूरा ही हथिया लिया …
मानसिंह से पहले इस मंदिर को मूहम्मद गौरी – ऐबक ने तोड़ डाला । बाबर तो नाहक बदनाम हुआ ।

इससे पहले नास्तिकों ने अयोध्याजी को उजाड़ा था, तब विक्रमादित्य ने पुनः वह मंदिर बनवया ।।

क्या इन तीनो राजाओ की मूर्ति अयोध्याजी में बन रही है ? तलवारों के उस भीषण काल मे मगरमच्छ के मुंह से निवाले की तरह राममंदिर इन्होंने लिया था, क्या उनके लिए अयोध्याजी में कुछ भी नही बनना चाहिए ।

जिस पवित्र नगरी के लिए जो लोग अपनी सत्ता तक गंवाने को तैयार थे, ऐसे महान त्यागियो की कोई याद नही रहनी चाहिए ?

अगर आप किसी शहर में किसी की मूर्ति लगा रहे है, तो कम से कम यह भी तो डिस्क्रिप्शन में लिखे, की उस शख्स ने उस राज्य के लिए, क्षेत्र के लिए किया क्या है ?

अधिक से अधिक मूर्तियो की होड़, समाज मे जहर घोल रही है, दंगे फसाद होने तक कि नोबत आ जाती है, ऐसे में किसी की मूर्ति कहीं शहर में लगे, तो यह भी तो जोड़ा जाए, की उन्होंने उस शहर के लिए क्या किया ??

अगर आज शेखावाटी में आकर जयसिंहजी या मानसिंहजी की मूर्ति बनाये, तो मुझे बुरा लगेगा । शेखावाटी का उद्धार किया शेखावतों ने, लड़े मरे वह, वहां मानसिंहजी की मूर्ति का क्या काम ?

लकीन जयपुर के चप्पे चप्पे पर मानसिंहजी, जयसिंहजी आदि की स्मृति ही होनी चाहिए ।। यह मात्र एक उदाहरण है ।

~~गुरुजी

Posted in रामायण - Ramayan

RAMAYANA As a PHILOSOPHY OF LIFE!

This is d best interpretation I have read about RAMA and RAMAYANA

The Interpretation of RAMAYANA
As a PHILOSOPHY OF LIFE..

RA ’ means LIGHT, ‘ MA ’ means WITHIN ME, IN MY HEART.
So,
RAMA means the LIGHT WITHIN ME..

RAMA was born to DASHARATH & KOUSALYA.

DASHARATH means ‘ TEN CHARIOTS’ ..
The ten chariots symbolize the FIVE SENSE ORGANS( GNANENDRIYA ) & FIVE ORGANS OF ACTION ( KARMENDRIYA ) ..

KOUSALYA means ‘ SKILL ’..

THE SKILLFUL RIDER OF THE TEN CHARIOTS CAN GIVE BIRTH TO RAM..

When the ten chariots are used skillfully,
RADIANCE is born within..

RAMA was born in AYODHYA.
AYODHYA means ‘ A PLACE WHERE NO WAR CAN HAPPEN ’..

When There Is No Conflict In Our Mind, Then The Radiance Can Dawn..

The RAMAYANA is not just a story which happened long ago..
It has a PHILOSOPHICAL, SPIRITUAL SIGNIFICANCE and a DEEP TRUTH in it..

It is said that the RAMAYANA IS HAPPENING IN OUR OWN BODY.

Our SOUL is RAMA,
Our MIND is SITA,
Our BREATH or LIFE-FORCE ( PRANA) is HANUMAN,
Our AWARENESS is LAXMANA and
Our EGO is RAVANA..

When the MIND (Sita),is stolen by the EGO (Ravana), then the SOUL (Rama) gets RESTLESS..

Now the SOUL (Rama) cannot reach the MIND (Sita) on its own..
It has to take the help of the BREATH – THE PRANA (Hanuman) by Being In AWARENESS(Laxmana)

With the help of the PRANA (Hanuman), & AWARENESS(Laxmana),
The MIND (Sita) got reunited with The SOUL (Rama) and The EGO (Ravana) DIED/ VANISHED..